Forgot password?    Sign UP
मातृत्व लाभ संशोधन विधेयक 2016 संसद में पारित huअ

मातृत्व लाभ संशोधन विधेयक 2016 संसद में पारित huअ





2017-03-11 : हाल ही में, मातृत्व लाभ संशोधन विधेयक- 2016 संसद में पारित हो गया। लोकसभा ने 09 मार्च 2017 को इसे पारित किया, राज्यसभा ने 11 अगस्त 2016 को ही मातृत्व लाभ संशोधन विधेयक 2016 पारित कर दिया। संशोधित विधेयक में संगठित क्षेत्रों में काम करने वाली माताओं हेतु वेतन सहित मातृत्व अवकाश को 12 हफ्ते से बढ़ाकर 26 हफ्ते करने का प्रस्ताव किया गया। बता दे की माताओं को यह लाभ दो जीवित बच्चों तक ही मिल सकेगा। दो बच्चों के मामलों में यह सुविधा 26 सप्ताह की होगी।

इसके बाद यह सुविधा 12 हफ्ते की होगी। साथ ही प्रसूति सुविधाएं किसी ‘‘अधिकृत माता’’ या ‘‘दत्तक माता’’ के लिए भी प्रदान की जाएंगी। ऐसी महिलाएं बालक के हस्तगत करने की तारीख से 12 सप्ताह की प्रसूति लाभ की हकदार होंगी। मातृत्व लाभ संशोधन विधेयक 2016 में किसी माता को घर से काम करने की सुविधा को सुगम बनाने पर भी जोर दिया गया।

50 से अधिक कर्मचारी वाले प्रतिष्ठानों के लिए शिशु कक्ष (क्रेच) की व्यवस्था अनिवार्य की गयी। माताओं को प्रति दिन चार बार शिशु कक्ष जाने की अनुमति होगी। ऐसी व्यवस्था न करने वाले संगठनों के लिए दंड का प्रावधान भी किया गया। कानून का उल्लंघन करने वाले नियोक्ताओं को जुर्माने के अलावा एक साल तक की सजा का प्रावधान भी किया गया है। प्रत्येक प्रतिष्ठान द्वारा कामकाजी महिला को उसकी आरंभिक नियुक्ति के समय कानून के तहत उपलब्ध सुविधाओं के बारे में लिखित या इलेक्ट्रॉनिक रूप से जानकारी देना आवश्यक किया गया।

Provide Comments :





Related Posts :